1 Shayari
तेरी यादों की खुशबू में, बसी हैं रातें मेरी, आँखों में तेरे सपने, हैं चाँदनी की चादर जैसी। सो जाओ अब तुम, ये तारे भी हैं सजने को, कल फिर मिलेंगे, जब सुबह होगी नई नज़रे मिलने को।